Direction: निम्नलिखित प्रश्नों में दिए गए अनुच्छेदों के पहले और अंतिम वाक्यों में क्रमशः (1) और (6) की संज्ञा दी गई है। इसके मध्यवर्ती वाक्यों को चार भागों में बांटकर (य),(र),(ल),(व) की संज्ञा दी गई है। ये चारों वाक्य व्यवस्थित क्रम में नहीं है। इन्हें ध्यान से पढ़कर दिए गए विकल्पों में से उचित कदम चुनिए, जिससे सही अनुच्छेद का निर्माण हो।
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(1) ईर्ष्या का काम जाना है मगर सबसे पहले वह उसी को जलाती है जिसके हृदय में उसका जन्म होता है।
(य) श्रोता मिलते ही उनका ग्रामोफोन बजने लगता है।
(र) जो बराबर इस फिक्र में लगे रहते हैं कि कहाँ अपने दिल का गुब्बार निकालने का मौका मिले।
(ल) वे बड़ी ही होशियारी के साथ एक-एक काण्ड इस ढंग से सुनते हैं मानो विश्व-कल्याण को छोड़कर उनका कोई ध्येय नहीं है।
(व) बहुत से लोग ऐसे हैं जो ईर्ष्या और द्वेष की साकार मूर्ति हैं।
(6) समझने का प्रयत्न कीजिए कि जबसे उन्होने इस सुकर्म का आरंभ किया है, तब से वे अपने क्षेत्र में आगे बढ़े हैं या पीछे हटे हैं।
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- र व य ल
- व य र ल
- व र य ल
- ल व य र
- र व य ल
सही विकल्प: C
(1) ईर्ष्या का काम जाना है मगर सबसे पहले वह उसी को जलाती है जिसके हृदय में उसका जन्म होता है। (व) बहुत से लोग ऐसे हैं जो ईर्ष्या और द्वेष की साकार मूर्ति हैं। (र) जो बराबर इस फिक्र में लगे रहते हैं कि कहाँ अपने दिल का गुब्बार निकालने का मौका मिले। (य) श्रोता मिलते ही उनका ग्रामोफोन बजने लगता है। (ल) वे बड़ी ही होशियारी के साथ एक-एक काण्ड इस ढंग से सुनते हैं मानो विश्व-कल्याण को छोड़कर उनका कोई ध्येय नहीं है। (6) समझने का प्रयत्न कीजिए कि जबसे उन्होने इस सुकर्म का आरंभ किया है, तब से वे अपने क्षेत्र में आगे बढ़े हैं या पीछे हटे हैं।