Direction: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर उस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दें।
आदर्श विद्यार्थी का कर्तव्य है कि वह अपने रहन-सहन का स्तर साधारण रखे। उसे न तो फैशन की ओर ध्यान देना चाहिए और न ही शरीर की सजावट में लगा रहना चाहिए क्योंकि ये बातें विद्यार्थी जीवन को नष्ट कर देती है। यहाँ तक कि उसके भावी जीवन को भी कलुषित कर देती है। विद्यार्थी को उच्च विचार रखने चाहिए। उससे उसका मन पवित्र हो। शरीर पूर्णतः स्वस्थ रहेगा। तब संसार का कोई ऐसा कार्य नहीं रहेगा। जिसे वह न कर सके। आदर्श विद्यार्थी के लिए यह परम आवश्यक है की वह विद्यालय के प्रत्येक कार्य में भाग लें। इससे उसमें आगे बढ़ने की प्रेरणा और निर्भयता आती है।
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विद्यार्थियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा एवं निर्भयता कहाँ से आती है ?
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- विद्यालय से
- घर से
- मित्रों से
- छवि गृह से
- विद्यालय से
सही विकल्प: A
NA